मिर्ज़ापुर में डेंगू की रोकथाम के लिए जिलाधिकारी ने कसी कमर, बचाव के लिए जागरूकता अभियान पर दे रहे जोर

लक्षण, उपचार व बचाव की जनजागरूकता डेंगू के नियंत्रण का एकमात्र उपाय- जिलाधिकारी
 
डेंगू
अत्यधिक ठंड के साथ तेज बुखार, सरदर्द, बदन दर्द, आंखो में दर्द, शरीर पर लाल गुलाबी रंग के चकत्ते पड़ना, कमजोरी लगना, भूख न लगना, जी मिचलना जैसे लक्षण दिखने पर तुंरत डॉक्टर से करें संपर्क


मिर्ज़ापुर: जिलाधिकारी प्रवीण कुमार लक्षकार ने आज कलेक्ट्रेट सभागार में डेंगू से बचाव व ईलाज को लेकर प्रेस कांफ्रेस आयोजित की। इस दौरान डीएम नें जनपद में डेंगू रोग के नियंत्रण के लिए बनाई गई कार्ययोजना के बारे में विस्तृत जानकारी दी। जिलाधिकारी ने बताया कि प्रदेश में कई जनपदो में डेंगू रोग के बढ़ने की शिकायतें मिल रही हैं जिसे ध्यान में रखते हुए जनपद मिर्ज़ापुर को डेंगू से बचाए रखने के लिए योजनाएं बनाई जा रही है। 

घर- घर जाकर जांच करेगी स्वास्थ विभाग की टीम
डीएम ने कहा कि डेंगू रोग के नियंत्रण व बचाव के लिये तथा उसके लक्षण की जानकारी के लिये कार्ययोजना बनाकर जनपद में हैण्डबिल, होर्डिग व वाल राइटिंग अन्य विभिन्न तरीकों से जागरूकता लाने के उद्देश्य से प्रचार प्रसार कराया जा रहा हैं। ताकि यह फैलने से पहले जनपद में इसका बचाव संभव हो सके है। इसके साथ ही स्वास्थ विभाग नें भी टीम बनाई जो गांवों में घर-घर जाकर लोगों से बात कर उनके बारें में जानने का प्रयास करेगी कि कही से व्यक्ति में डेंगू के लक्षण तो नही है।
उन्होंने बताया कि जिला अस्पताल में डेडीकेटेड वार्ड बनाकर चिकित्सकों की तैनाती भी की गयी हैं। डेंगू रोग में मुख्यतः प्लेटलेटस कम हो जाती है जिसको ध्यान में रखते हुए डॉक्टरों को भी निर्देश गये है कि प्रत्येक व्यक्ति की प्लेटलेटस टेस्ट कर उसकी मानिटिरिंग करें। जिसका प्लेटलेटस काफी कम हो ऐसे मरीज का तुरंत इलाज भी किया जाए।

डेंगू के लक्षण और बचाव के बारें में डीएम ने दी जानकारी 
जिलाधिकारी ने बताया कि 01 जुलाई 2021 से अब तक 16 केस रिपोर्ट किये गये हैं जिनका इलाज भी हो चुका हैं। उन्होंने डेंगू के लक्षण के बारे में जानकारी देते हुये बताया कि ठंड लगने के साथ अचानक तेज बुखार, सरदर्द, बदन दर्द, आंखो के पिछले हिस्से में दर्द, शरीर पर लाल गुलाबी रंग के चकत्ते पड़ना, कमजोरी लगना, भूख न लगना, जी मिचलना, नाक, मुह आदि से खून बहना जैसे कई लक्षण है जो डेंगू के गंभीर लक्षण की ओर इशारा करते है इन लक्षणों के दिखते ही तुंरत डॉक्टर के पास जाए और उचित देखभाल करें।
बचाव की जानकारी देते हुये कहा डीएम ने कहा कि घर में कूलर, बाल्टी, घड़े तथा ड्रम का पानी हमेशा बदलते रहे। कूलर भी हमेशा अच्छी तरह साफ कें। घर के आस पास पानी एकत्रित न होने दें, घर के पानी भरे बर्तनों को ढक कर रखे , पूरी आस्तीन का कपड़ा पहनें, खुले भाग में मच्छर निरोधक औषधि लगाये तथा सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग करें। उन्होंने कहा कि डेंगू के नियंत्रण हेतु जागरूकता ही मुख्य बचाव हैं। 

डेंगू/चिकनगुनिया/मलेरिया से बचाव के लिए साफ- सफाई पर दिया जा रहा विशेष ध्यान
उन्होंने बताया कि डेंगू/चिकनगुनिया/मलेरिया से बचाव के लिए मुख्य चिकित्साधिकारी, नगर पालिका परिषद/पंचायत नगर अहरौरा चुनार व कछवा को डेंगू एवं चिकिनगुनिया के रोकथाम हेतु निरंतर साफ-सफाई, एंटीलार्वा, फागिंग कराने के लिए निर्देश दिया गया है। नगरीय क्षेत्र में साप्ताहिक लार्वा रोधी कीटनाशक का छिड़काव तथा ग्रामीण क्षेत्रों में आशा घर-घर जाकर घरेलू प्रजनन जाँच डीबीसी एवं लार्वा स्रोतो की कटौती के लिये आवश्यक कार्य करेंगे। सभी सीएचसी/पीएचसी केन्द्र को लार्वारोधी कीटनाशक पर्याप्त मात्रा में दिया गया है जिसका छिड़काव आशा व ग्राम प्रधान के सहयोग से किया जाएगा। इसके अलावा जागरूकता के लिए इन्डोर स्पेस स्प्रे हेतु पायरेथ्रम कीटनाशक का घोल फाइलेरिया इकाई एवं सभी सीएचसी/पीएचसी केन्द्र को दिया गया हैं। जनपद में मलेरिया रोग की निशुल्क जाँच एवं आवश्यक दवा भी उपलब्ध हैं। 

बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ पीडी गुप्ता, जिला सूचना अधिकारी डॉ पंकज कुमार, अपर जिलाधिकारी सूचना अधिकारी ओम प्रकाश उपाध्याय व सम्बन्धित अधिकारी उपस्थित रहें।

रिपोर्ट- रवि यादव, जिला संवाददाता
मिर्ज़ापुर ऑफिशियल