Mirzapur: बंदर बना कैदी, बंदर ने खुद को किया कमरे में कैद, बाद में छड़ काटकर निकाला गया

मिर्ज़ापुर के वासलीगंज स्तिथ शेरखां क्षेत्र में एक बंदर ने खुद को कमरे में कैद कर लिया। जिसके बाद  छड़ काटकर बंदर को बाहर निकाला गया।

 
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बंदर बना कैदी।

मिर्ज़ापुर, Digital Desk: मिर्ज़ापुर के वासलीगंज क्षेत्र से एक जबरदस्त खबर वायरल हुई। जिसमें एक बंदर ने खुद को कमरे में कैद कर लिया एवं दरवाजा अंदर से बंद कर लिया और खिड़की के पास जाकर खड़ा हो गया। 4 घंटे बाद बंदर को वहां से खिड़की का छड़ काटकर बाहर निकाला गया, जिसके बाद बंदर वहां से भाग निकला।

क्या है पूरी घटना:

यह पूरी घटना शेरखाँ गली की है जहां पर सतीश गौड़ नामक आदमी का मकान है। सतीश का घर दो मंजिला मकान का है, जिसमें पहले मंजिले में वह रहता है वहीं दूसरे मंज़िल पर बेटा और बहू। सतीश का बेटा दुर्गेश बर्तन बनाने का काम करता है और पत्नी भी कहीं काम करती है। काम की वजह से दोनों पति-पत्नी सुबह के टाइम जल्दी निकल जाया करते हैं और दोपहर के टाइम खाना खाने-बनाने के लिए पत्नी घर पर आती है।

बंदर ने किया कमरा हाईजैक:

दोनों पति-पत्नी जब काम की वजह से सुबह घर से जल्दी निकल गए, तो दो बंदर लगभग सुबह 7:00 बजे उनके घर पहुंचे। घर का दरवाजा खुला पाकर बंदर कमरे के अंदर घुस गए, एक बंदर बाहर निकल गया वहीं दूसरे बंदर ने अंदर से दरवाजा बंद कर दिया और वह कमरे में कैद हो गया। कमरा बंद होने के बाद बंदर घबरा गया, कमरे में रखे सभी सामान की तोड़फोड़ करना शुरू कर दिया और कमरे की खिड़की के पास जाकर खड़ा हो गया। परिजन परेशान हो गए क्योंकि जब भी कोई खिड़की के पास जाता बंदर उन्हें काटने के लिए मुँह खोलता।

काटी खिड़की की छड़, बंदर भागा सरफर:

बंदर की इस हरकत से परिजन परेशान हो गए और अंत में उन्हें खिड़की पर लगी लोहे की छड़ को काटना पड़ा। इसके बाद काफी मेहनत करने के बाद दोपहर 12:00 बजे खिड़की पर लगे सरिया को काटा गया और बंदर वहां से बाहर निकल कर भाग निकला।

बंदर के कमरे में कैद हो जाने वाली खबर जिले में बड़ी तेजी से फैली, जिसके बाद लोग अलग-अलग तरह से टिप्पणी करने लगे।