IT Raid Kannauj: समाजवादी पार्टी का इत्र बनाने वाले पम्पी जैन के अन्य ठिकानों पर आज भी छापेमारी ज़ारी, अबतक इस बात का हुआ ख़ुलासा

पीयूष जैन के बाद अब उनके ठिकानों पर छापेमारी आईटी टीम द्वारा की जा रही है। जो लगातार देश में एक चर्चा का विषय बना हुआ है।
 
image: live mint
छापेमारी का आज दूसरा दिन है।

उत्तर प्रदेश, Digital Desk: 9 नवंबर को पुष्पराज उर्फ़ पमपी जैन द्वारा समाजवादी पार्टी द्वारा इत्र लॉंच किया गया था। इस बात के लगभग डेढ़ महीने बाद पम्पी जैन के लगभग 50 से भी ज़्यादा ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। यह छापा कन्नौज में भी पड़ा है, जहां से पीयूष जैन कैट तो खाने में लगभग करोड़ों की संपत्ति बरामद हुई थी। छापेमारी का आज दूसरा दिन भी जा रही है और कल लगभग 100 करोड से भी ज्यादा के बोगस शेयर का खुलासा हुआ है।

50 जगहों पर छापेमारी:

2021 के आखरी दिन सुबह-सुबह समाजवादी पार्टी के एमएलसी पंपी जैन के ठिकानों पर इनकम टैक्स की छापेमारी शुरू हुई। बताया जाता है कि कन्नौज कंपन का गढ़ है। लेकिन उसका कारोबार दिल्ली, मुंबई, गुजरात और तमिलनाडु तक है। इसलिए रेड भी ऑल इंडिया लेवल पर की जा रही है, जिसमें 50 से भी ज्यादा ठिकानों पर छापेमारी शुरु हुई। अभियान के साथ उसके सहयोगी और रिश्तेदार के घरों पर भी छापेमारी की जा रही है। ऐसे में उसके एक और कारोबारी अनूप जैन के कानपुर वाले घर में भी रेड हुई। अनूप जैन के पास कोल्ड स्टोरेज, पेट्रोल पंप भी हैं।

100 करोड़:

फिलहाल आयकर विभाग बरामदगी की कोई पुख्ता जानकारी नहीं दे रही है। लेकिन सूत्रों के मुताबिक अफसरों को 100 करोड़ से भी ज्यादा बोगस शेर की ट्रेडिंग का पता चला है। इसके अलावा money-laundering के सुराग भी मिले हैं अभी जैन के ठिकानों से आयकर विभाग ने नगदी और जेवरात भी बरामद की है। जिसकी कीमत का अभी फिलाल अंदाजा लगाया जा रहा है, इसके अलावा उनके इलेक्ट्रॉनिक डिवाइसेज को भी जप्त कर लिया गया है। जानकारी के मुताबिक छापेमारी अभी और चलेगी और दो-तीन दिनों तक चालू रहेगी।

इनकम टैक्स के अधिकारियों ने बताया कि जब तक पूर्ण रूप से जांच पड़ताल पूरी नहीं हो जाती, तब तक वह पंपी जैन के घर पर ही रहेंगे।

कौन है पम्पी जैन:

कन्नौज के बड़े व्यापारी ने समाजवादी पार्टी का पर्सनलाइज्ड इत्र लांच किया था। इसके के बाद पम्पी जैन के ठिकानों पर छापेमारी से यूपी में लगातार डर का माहौल है, कई सारे लोग पहले से सचेत हो गए हैं। पंपी पहले से ही कारोबार और काम करते हैं, उन्होंने अपने पिता के कारोबार के बिजनेस को संभाला है। पम्पी जैन का 12 देशों में इत्र का कारोबार है एवं 2016 में वे समाजवादी पार्टी का हिस्सा बने थे।