जब मिर्ज़ापुर में 20 साल बाद Ratnakar Mishra ने खिलाया था कमल, समाज सेवा और लोककल्याण में बिताया सारा जीवन

उत्तर प्रदेश के मिर्ज़ापुर जिले में 2017 विधानसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी रत्नाकर मिश्रा ने समाजवादी पार्टी से लगातार तीन बार रहे विधायक(Kailash Chaurasiya) को हराकर, इस सीट पर 20 साल बाद कमल खिलाया था।

 
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मिर्ज़ापुर के विकास में रही एक अहम भूमिका।

मिर्ज़ापुर, Digital Desk: उत्तर प्रदेश के मिर्ज़ापुर जिले 2017 विधानसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी रत्नाकर मिश्रा(Ratnakar Mishra) ने समाजवादी पार्टी से लगातार तीन बार विधायक रहे कैलाश चौरसिया को इस सीट से हराकर इस सीट पर कमल खिलाया था, वह भी 20 साल बाद। 2017 विधानसभा चुनाव(UP Assembly Elections) में भारतीय जनता पार्टी ने रत्नाकर मिश्रा को चुनावी मैदान में उतारा था, चुनाव में जीत भारतीय जनता पार्टी प्रत्याशी रत्नाकर मिश्रा की हुई। उन्हें लगभग 1,09,196 वोट्स मिले, तो वहीं दूसरे स्थान पर समाजवादी पार्टी के कैलाश चौरसिया रहे, जिन्हें 57412 वोट मिले। इस चुनाव को रत्नाकर मिश्रा ने पूर्ण से भी पूर्ण बहुमत से जीता, जिसके बाद वे विधायक चुने गए।

सादा जीवन, उच्च विचार:

रत्नाकर मिश्रा का जन्म मिर्ज़ापुर में हुआ था। पहले से ही मिर्ज़ापुर के विकास एवं मंदिर के डेवलपमेंट भूमिका निभाते रहे। उन्होंने अपना पूरा जीवन सोशल सर्विस में समर्पित कर दिया। ऐसा माना जाता है कि, वे साधारण जीवन जीना पसन्द करते हैं। रत्नाकर मिश्रा के 2 पुत्र हैं एवं चार पुत्री हैं। आज तक उनके खिलाफ किसी भी प्रकार का कोई भी क्रिमिनल केस रजिस्टर्ड नहीं हुआ है। वह जिले में रह रहे सभी निवासियों को अपना प्रिय मानते हैं एवं उनके मदद और सहायता के लिए हमेशा तैयार रहते हैं।

विस्तार:

वर्तमान विधायक रत्नाकर मिश्रा विंध्याचल में स्थित प्रसिद्ध मां विंध्यवासिनी मंदिर के पुरोहित है। पुरोहित के साथ-साथ वे राजनीति में भी सक्रिय है। मंदिर में भारतीय जनता पार्टी के बड़े नेताओं को दर्शन पूजन वही करवाते हैं। विंध्याचल में पिता अलबेले मिश्रा संघ के सक्रिय कार्यकर्ता थे, जिनकी वजह से बचपन में ही रत्नाकर मिश्रा का संघ से जुड़ा हुआ। 1990 से 2011 तक संघ के सक्रिय कार्यकर्ता के रूप में जुड़े रहे। इस दौरान वह विद्या मंदिर के अध्यक्ष, जिला राम से सुरक्षा समिति के अध्यक्ष एवं विंध्यवासिनी संघर्ष समिति के भी अध्यक्ष रहे।

हाल में असंभव कार्य को पूरा करवाया:

उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ का आगमन हुआ था। बताया जाता है कि मिर्ज़ापुर में शास्त्री सेतु रोड है, जिसकी यातायात की स्थिति बड़ी खराब थी। इस सड़क पर पाइप लाइन का काम होना था, काम हुआ नहीं हुआ यह किसी को नहीं पता, लेकिन इस सड़क की वजह से लोगों का जीना-दूभर हो गया था। सड़क पर इतना कीचड़ और इतना इतने गड्ढे थे कि, लोग बड़े परेशान होते थे। आलम यह था कि लोगों को घूमकर मिर्ज़ापुर के अंदर से जाना पड़ता था। जिसके वजह से उनका ज्यादा समय लगता था, जाम का सामना करना पड़ता था।। लेकिन इस सड़क व्यवस्था का कोई निवारण नहीं हो रहा था।

योगी आदित्यनाथ के आगमन पर रत्नाकर मिश्रा में सड़क व्यवस्था को पूर्ण रूप से ठीक करने हेतु योगी आदित्यनाथ से अपील की। इसके बाद योगी आदित्यनाथ ने उनकी बात को गंभीरता से समझा और तुरंत सड़क निर्माण का कार्य करने हेतु ऑर्डर जारी कर दिया। यह खबर सुनते ही मिर्ज़ापुर जिले का हर एक निवासी रत्नाकर मिश्रा का तहे दिल से धन्यवाद करने लगा। क्योंकि शास्त्री सेतु रोड एक मेन सड़क है, जिससे लोगों का ज़िले में आना जाना लगा रहता है। इसलिए इस सड़क का ठीक होना अति आवश्यक था।

हुए थे कोरोना संक्रमित:

हाल ही में रत्नाकर मिश्रा कोरोना संक्रमित हो गए थे, जिसके बाद उन्होंने खुद को होम क्वारंटाइन कर लिया था, लेकिन अब वह पूर्ण रूप से स्वस्थ हैं एवं समाज सेवा के कार्य में वापस लौट चुके हैं।

आगामी विधानसभा चुनाव को देखा जाए तो इस बार भी रत्नाकर मिश्रा का चुनाव जीतना निश्चित है, क्योंकि पिछले 5 सालों में उन्होंने समाज कल्याण हेतु बहुत ही बढ़िया काम किया है, जिसके बाद मिर्ज़ापुर की जनता उसे काफी खुश है।